डॉक्टर की जान बचाने के लिए बना 175 किमी लंबा ग्रीन कॉरिडोर

0
313

सागर : एमपी में हर तरह कोरोना संक्रमण से हाहाकार है। इस बीच बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में पदस्थ डॉक्टर सत्येंद्र मिश्रा की जान बचाने के लिए सरकार ने पूरी ताकत लगा दी है। कोरोना की वजह से डॉक्टर सत्येंद्र मिश्रा के फेफड़ों अधिक संक्रमण हो गया है। एमपी में इलाज संभव नहीं था। सीएम शिवराज के निर्देश पर सागर कलेक्टर डॉक्टर मिश्रा को इलाज के लिए एयर एंबुलेंस से हैदराबाद भिजवाया है, जहां उनका इलाज शुरू हो गया है।
डॉक्टर को इलाज के लिए सागर से हैदराबाद जाना था। इसके लिए एयर एंबुलेंस से संपर्क किया गया है। एयर एंबुलेंस ने किराया 18 लाख से कुछ अधिक बताया। साथ ही पहले भुगतान की मांग। रविवार होने की वजह से बैंक बंद था। उतनी बड़ी राशि बिना बैंक खुले ट्रांसफर होना संभव नहीं था। ऐसे में सागर कलेक्टर बैंक ऑफ इंडिया के मुंबई ब्रांच विशेष अनुमति लेकर सागर में बैंक खुलवाया। उसके बाद एयर एंबुलेंस को भुगतान किया गया। उसके बाद एयर एंबुलेंस के साथ हैदराबाद से डॉक्टरों की टीम भोपाल पहुंच गई। यहां से सड़क मार्ग के जरिए विशेष एंबुलेंस से डॉक्टरों की विशेष टीम रविवार रात 12 बजे सागर के भाग्योदय अस्पताल पहुंची। उसके बाद डॉक्टरों की टीम ने सागर में ही उनका संपूर्ण परीक्षण किया। सागर कलेक्टर दीपक सिंह ने बताया कि हैदराबाद की डॉक्टरों की टीम ने डॉ सतेंद्र मिश्रा का संपूर्ण परीक्षण करने के उपरांत सोमवार सुबह 5:00 विशेष एंबुलेंस उन्हें लेकर भोपाल के लिए निकली।
175 किलोमीटर लंबा ग्रीन कॉरिडोर बना
सागर कलेक्टर ने बताया कि जिले के भाग्योदय अस्पताल से लेकर भोपाल एयरपोर्ट तक 175 किलोमीटर लंबा ग्रीन कॉरिडोर रोड बनाया गया। इसमें पुलिसकर्मियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। भोपाल एयरपोर्ट से वह हैदराबाद के लिए रवाना हो गए हैं। वहां उनका इलाज शुरू हो गया है।
वहीं, डॉक्टर सत्येंद्र मिश्रा का इलाज कर रहे छय एवं छाती रोग विशेषज्ञ डॉक्टर सौरभ जैन ने बताया कि हैदराबाद के डॉक्टरों की टीम रात्रि 12:00 बजे पहुंची। उन्होंने डॉ मिश्रा को वेंटिलेटर पर रखकर संपूर्ण परीक्षण किया। उसके बाद सुबह में उन्हें यहां से ले जाया गया है। सोमवार की सुबह साढ़े दस बजे वह हैदराबाद स्थित यशोदा अस्पताल में पहुंच गए। वहां उनका इलाज शुरू हो गया है।

Previous articleस्वाधीनता संग्राम के गुमनाम नायक गंगू मेहतर
Next articleफेसबुक ने की क्लीनमैक्स से साझेदारी, 100 प्रतिशत नवीकरणीय ऊर्जा को अपनाएगा
शुभजिता की कोशिश समस्याओं के साथ ही उत्कृष्ट सकारात्मक व सृजनात्मक खबरों को साभार संग्रहित कर आगे ले जाना है। अब आप भी शुभजिता में लिख सकते हैं, बस नियमों का ध्यान रखें। चयनित खबरें, आलेख व सृजनात्मक सामग्री इस वेबपत्रिका पर प्रकाशित की जाएगी। अगर आप भी कुछ सकारात्मक कर रहे हैं तो कमेन्ट्स बॉक्स में बताएँ या हमें ई मेल करें। इसके साथ ही प्रकाशित आलेखों के आधार पर किसी भी प्रकार की औषधि, नुस्खे उपयोग में लाने से पूर्व अपने चिकित्सक, सौंदर्य विशेषज्ञ या किसी भी विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें। इसके अतिरिक्त खबरों या ऑफर के आधार पर खरीददारी से पूर्व आप खुद पड़ताल अवश्य करें। इसके साथ ही कमेन्ट्स बॉक्स में टिप्पणी करते समय मर्यादित, संतुलित टिप्पणी ही करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

twelve + 14 =