भवानीपुर कॉलेज की मेड ड्राइव ने वृद्धों तक दवाइयाँ पहुँचाई 

0
52

कोलकाता ।   भवानीपुर एजुकेशन सोसाइटी कॉलेज मेड – ड्राइव परियोजना का उद्देश्य यानि मेडिकल सुविधाएंँ जैसे दवाइयाँ आदि वृद्धों लोगों तक पहुंँचाना है, जिन्हें दवाओं की आवश्यकता है।
भवानीपुर एजुकेशन सोसाइटी कॉलेज की एनएसएस यूनिट ने टॉलीगंज होम्स 186, नेताजी सुभाष चंद्र बोस रोड, रीजेंट पार्क, कोलकाता, पश्चिम बंगाल में “मेड-ड्राइव” का आयोजन किया। गत 20 दिसम्बर को एनएसएस और एनएसएस समन्वयक का प्रतिनिधित्व करने वाले 3 छात्रों ने टॉलीगंज होम्स का दौरा किया।
छात्रों और संकाय सदस्यों द्वारा योगदान दी गई दवाओं से भरा एक बॉक्स प्रदान किया गया जिनमें दवाइयों के अतिरिक्त हैंड सैनिटाइज़र -100 बोतल, मेबेवरिन हाइड्रोक्लोराइड संशोधित रिलीज कैप्सूल- 20 (2 स्ट्रिप्स, आयरन (फेरिक पायरोफॉस्फेट) – 20 कैप्सूल (2 स्ट्रिप्स), जिंकोविट आदि तैंतीस तरह की उपयोग दवाइयाँ थीं। ये सभी दवाइयाँ विद्यार्थियों और शिक्षकों द्वारा स्वेच्छा से एकत्रित की गई थीं। किसी ने कहा है कि जहाँ चिकित्सा की कला से प्यार है, वहाँ मानवता से भी प्यार होता है।
बीमार व्यक्ति को दवाई की कमी के कारण कष्टदायी दर्द से किसी प्रकार की कोई राहत नहीं मिलने से व्यक्ति दुख और पीड़ा से घिर जाता है और अपने जीवन के प्रति उदासीन हो जाता है । दवाइयों की आवश्यकता अक्सर अधूरी रह जाती है, भवानीपुर कॉलेज के एनएसएस विंग ने वृद्धाश्रम में आवश्यक दवाओं तक पहुंँच प्रदान करने की पहल की क्योंकि यह स्वास्थ्य के प्राप्य मानक के अधिकार का हिस्सा है। समन्वयक प्रो. गार्गी ने परियोजना मेड ड्राइव के तहत कुछ विद्यार्थियों के साथ यह महत्वपूर्ण कार्य किया।
कॉलेज के प्रबंधन डीन प्रो. दिलीप शाह ने पूरी परियोजना के संचालन के लिए पूर्ण समर्थन दिया। कॉलेज उन सभी छात्रों और संकाय सदस्यों को भी धन्यवाद देते हैं जो इस नेक काम के लिए आगे आए। कोविड सुरक्षा प्रोटोकॉल के कारण बहुत अधिक स्वयंसेवकों को नहीं ले जा सके ।
तीनों छात्राएं हर्षिता जोशी, प्रग्रा राकेश और मुस्कान दास ने सभी एहतियात बरतते हुए पुराने घर टॉलीगंज होम्स का दौरा किया। समाज सेवा के लिए कॉलेज उनके साहस और प्रतिबद्धता की सराहना करता है ।
एनएसएस के वास्तविक आदर्श वाक्य “नॉट मी बट यू” को प्रतिबिंबित करने का यह हमारा छोटा सा प्रयास है जिससे विद्यार्थियों में समाज कल्याण की भावना को बढ़ावा मिलता है। कार्यक्रम की जानकारी दी डॉ वसुंधरा मिश्र ने ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

nineteen + 10 =