महामारी में निकाले थे 1500 कर्मचारी, अब दोबारा दी नौकरी

0
79

नयी दिल्ली : कोविड महामारी का दौर हर किसी के लिए मुश्किल रहा। कंपनियों के कारोबार का नुकसान हुआ तो उन्होंने कॉस्ट कटिंग करते हुए छंटनी शुरू की, जिसके चलते न जाने कितने लोगों को अपनी नौकरी से हाथ धोना पड़ा। फ्रांस की हॉस्पिटैलिटी कम्पनी एकॉर ग्रुप ने भी 1500 लोगों को नौकरी से निकाला। लेकिन अब यह कंपनी उनकी फिर से नियुक्ति कर रही है। इतना ही नहीं उन 1500 कर्मचारियों में से एक तिहाई को कंपनी वापस भी रख चुकी है।
एकॉर की भारत में 55 संपत्तियां हैं। भारत, मध्य पूर्व और अफ्रीका के लिए एक्कोर के सीओओ मार्क डेसक्रोजाइल ने टीओआई को बताया, ‘हमारे पास भारत में 6,000 कर्मचारी हैं। कोविड के दौरान और रेवेन्यु में कमी के चलते दुर्भाग्य से उनमें से 25% की छंटनी करनी पड़ी। हमने कर्मचारियों के लिए उस राशि से एक फंड बनाया, जो शेयरधारकों को लाभांश के रूप में भुगतान किया जाना था। दूसरी लहर के बाद की रिकवरी उम्मीद से कहीं ज्यादा मजबूत रही है और हमने भारत में निर्धारित कार्यबल को फिर से नियुक्त करना शुरू कर दिया है।’
कुछ ने ठुकरा दिया ऑफर
अब तक, छंटनी किए गए लोगों में से लगभग एक तिहाई को लौटने के लिए आमंत्रित किया गया है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को यह कॉल मिली, उनमें से कुछ ने इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया क्योंकि उन्होंने महामारी के दौरान कुछ और करना शुरू कर दिया था।
होटल में सुविधाओं पर अधिक खर्च कर रहे लोग
रिकवरी को लेकर डेस्क्रोजाइल ने कहा कि चूंकि ऑक्युपेंसी बढ़ रही है, इसलिए एवरेज रूम रेट पिछड़ रहे हैं। लोग अब होटल में ठहरने, खाने-पीने या अपने कमरे को अपग्रेड करने पर ज्यादा खर्च कर रहे हैं। बड़ी संख्या में मेहमान इन दिनों ब्रेक पर जा रहे हैं। हवाई किराए पर बचत होने से वे होटल में ठहरने के लिए सुविधाओं पर अधिक खर्च कर सकते हैं। शादियों का चल रहा सीजन होटलों के लिए थोड़ी राहत लेकर आ रहा है। भले ही फुटफॉल बढ़ रहा है, लेकिन कुल मिलाकर राजस्व अभी भी प्री कोविड लेवल के करीब नहीं है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

19 − eighteen =