90 साल की उम्र में हरभजन कौर ने शुरू किया स्टार्टअप

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नयी दिल्ली। जब आप किसी काम को अपनी लगन से पूरा करते हैं तो आप कभी मात नहीं खाते। आपका जज़्बा ही आपको समाज में प्रतिष्ठा दिलवाता है। अगर आपमें अपने काम को लेकर जज्बा हो तो आपके लिए उम्र मायने नहीं रखती। चंडीगढ़ की रहने वाली हरभजन कौर ने ये बात साबित कर दी है। 94 साल की हरभजन कौर ने स्टार्टअप शुरू कर सबको चौंका दिया। उनकी कहानी सुन हर कोई उनकी तारीफ कर रहा है। हरभजन द्वारा शुरू किया गया स्टार्टअप अब ब्रांड बन चुका है। हरभजन ने अपनी लगन से बेसन की बर्फी बनाने का काम शुरू किया था लेकिन आज बेसन की बर्फी के साथ उनके अचार, शरबत और चटनियां लोगों को खूब भा रही हैं।
कैसे शुरू हुआ स्टार्टअप
हरभजन अपनी बेटी रवीना सूरी के पास रहती हैं। एक दिन रवीना ने उनसे पूछा कि आपकी कहीं जाने की इच्छा है या कोई काम जो आप नहीं कर पाई। इस पर हरभजन ने कहा कि मैं पैसे नहीं कमा पाई, मुझे बेसन की बर्फी बनानी आती है, मैं बर्फी बनाकर उसे बेचकर पैसे कमाना चाहती हूँ। यहीं से हरभजन ने अपने स्टार्टअप की शुरुआत की।
लोग हुए बेसन की बर्फियों के दीवाने.
पहले तो हरभजन और उनकी बेटी द्वारा बनाई गई इन बेसन की बर्फियों को बाज़ार में मुफ्त खिलाया गया। लोगों और दुकानदारों को ये बर्फी खूब भायी जिसके बाद हरभजन कौर के पास बर्फी के ऑर्डर आने शुरू हो गए। हरभजन को पहला ऑर्डर पांच किलो की बर्फी का मिला। ये ऑर्डर उन्हें सैक्टर 18 ऑर्गेनिक बाज़ार से मिला। जब हरभजन को पहली कमाई हुई तो उन्होंने उसे अपनी बेटियों में बराबर बांट दिया। इसके बाद उनके परिजनों ने सोचा कि उनका शौक पूरा हो गया है अब वो आराम करेंगी लेकिन बेसन की बर्फियों की मांग बढ़ती गई और फिर हरभजन अपने काम में लग गयीं।

आनंद महिंद्रा ने किया ट्वीट…
महिंद्रा एंड महिंद्रा कम्पनी के मालिक आनंद महिंद्रा ने ट्वीट कर हरभजन की तारीफ की। आनंद महिंद्रा के इस ट्वीट के बाद तो हरभजन को धड़ाधड़ ऑर्डर मिलने लगे। जब ऑर्डर मिलने लगे तो हरभजन को घर में इतने पैमाने पर माल तैयार करना मुश्किल हो रहा था इसलिए उन्होंने मोहाली में जगह लेकर अपना काम शुरू कर दिया।

बेटी ने किया प्रोत्साहित
हरभजन अमृतसर के निकट तरण तारण की रहने वाली हैं। शादी के बाद लुधियाना आई हरभजन कौर के पति का 10 साल पहले देहांत हो गया जिसके बाद वो अपनी बेटी रवीना के पास चंडीगढ़ आ गयीं। माँ की इच्छा जानकर उनकी बेटी ने उन्हें प्रोत्साहित किया। रवीना ने अपनी मां के इस स्टार्टअप में उनका पूरा सहयोग दिया।
कोविड काल में आए ऑर्डर
कोरोना के दौरान बाहर का खाना कोई नहीं खाता था ऐसे में सब घर की बनी चीजें ही पसंद करते थे। इस दौरान उनके पास काफी ऑर्डर आए। हरभजन की बेसन की बर्फी तो प्रख्यात हो ही गयी है। इसके साथ ही अब उनकी बनाई चटनी, शरबत , दाल का हलवा और अचार भी लोगों को खूब भा रहा है।  हरभजन कहती हैं कि हम जब चाहे जीवन में शुरुआत कर सकते हैं। मेहनत करने पर आप सफलता जरूर हासिल करते हैं।

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